दुनिया में बेहद अजोबोग़रीब किस्से समय समय पर देखने को मिलते हैं। कभी कभी कुछ ऐसी रहस्यमयी घटना सामने आती है जिसका राज़ जानना बेहद कठिन हो जाता है। कुछ समय पहले ऐसी ही एक रहस्यमयी घटना सामने आयी जो बेहद चौकाने वाली थी। 1999 में अर्जेटीना के एक ज्वालामुखी के ढेर से वैज्ञानिकों को 15 वर्षीय एक लड़की का शव मिला था। जांच पड़ताल के बाद वैज्ञानिकों ने यह दावा किया गया था, कि वो लड़की उस ढेर में 500 सालों से दफन थी।
जब ज्वालामुखी के ढेर से वैज्ञानिकों ने उस लड़की का शव निकाला तब उसकी हालत ऐसी थी जैसे उसकी मौत कुछ दिन पहले ही हुई हो। वहां का तापमान काफी कम होने की वजह से लड़की का शरीर, उसके बाल और उसकी त्वचा सब सामान्य ही थे। यहाँ तक कि उसके शरीर के साथ सोने और चांदी के अलावा कई कीमती कपड़े भी मिले थे। लेकिन इन सबके बावजूद सबसे हैरान करने वाली बात ये थी कि जब उस लड़की के शरीर की जांच हुई तो उसके अंदर से खून मिला था।
खून में मिले टीबी के बैक्टीरिया

हैरानी कि बात तो यह थी कि खून में से टीबी के बैक्टीरिया भी पाए गए थे। इसके बाद इस बात की जांच शुरू की गई कि आखिर 500 साल बाद भी शरीर में टीबी के बैक्टीरिया कैसे जिंदा रह सकते हैं। शोधकर्ताओं के अनुसार इससे पहले किसी भी मृत शरीर में इस तरह के बैक्टीरिया नहीं पाए गए थे।
बालों में जूएं तक थे मौजूद

लड़की का मृत शरीर सालों बाद भी इतनी अच्छी स्थिति में थी कि उसके बालों में जूएं तक उपस्थित थे। इस लड़की का मृत शरीर कई राज खोल सकता है। फिलहाल उसके खून की जांच हो रही है ताकि ये पता लगाया जा सके कि खून में टीबी के बैक्टीरिया कैसे उपस्थित हैं। डॉक्टरों का मानना है कि शायद उस लड़की के खून से ऐसी कई बीमारियों का इलाज ढूंढने में सफलता हासिल हो सके।